Network Interface Card क्या है

Network Interface Card (NIC) एक महत्वपूर्ण हार्डवेयर डिवाइस है जो किसी कंप्यूटर, सर्वर या नेटवर्क डिवाइस को नेटवर्क से जोड़ने का कार्य करता है। इसे आमतौर पर Network Card, LAN Card या Network Adapter भी कहा जाता है।

NIC के बिना कोई भी कंप्यूटर इंटरनेट, LAN (Local Area Network) या WAN (Wide Area Network) से कनेक्ट नहीं हो सकता। यह डिवाइस कंप्यूटर और नेटवर्क के बीच डेटा के आदान-प्रदान को संभव बनाती है।

सरल शब्दों में,
NIC = कंप्यूटर और नेटवर्क के बीच पुल (Bridge)

NIC का Full Form

NIC का पूरा नाम – Network Interface Card

Network Interface Card का इतिहास (संक्षेप में)

  • प्रारंभिक नेटवर्क कार्ड 1970 के दशक में विकसित हुए
  • पहले NIC बहुत महंगे और बड़े होते थे
  • 1990 के बाद Ethernet NIC आम हुए
  • आज NIC मदरबोर्ड में Inbuilt होते हैं

NIC क्यों आवश्यक है?

NIC के बिना:

  • इंटरनेट कनेक्शन संभव नहीं
  • फाइल शेयरिंग नहीं हो सकती
  • ई-मेल, क्लाउड, ऑनलाइन सर्विसेज़ उपयोग नहीं हो सकती
  • नेटवर्क आधारित एप्लिकेशन काम नहीं करेंगे

Network Interface Card के मुख्य कार्य (Functions of NIC)

NIC के प्रमुख कार्य निम्नलिखित हैं:

  1. कंप्यूटर को नेटवर्क से कनेक्ट करना
  2. डेटा को पैकेट्स में बदलना
  3. डेटा को भेजना और प्राप्त करना
  4. MAC Address के माध्यम से डिवाइस की पहचान
  5. Error Detection और Correction
  6. Network Speed और Duplex Mode को नियंत्रित करना

Network Interface Card के कार्य (Functions of NIC)

Network Interface Card (NIC) कंप्यूटर नेटवर्किंग का एक अत्यंत महत्वपूर्ण हार्डवेयर घटक है। NIC का मुख्य कार्य किसी कंप्यूटर या डिजिटल डिवाइस को नेटवर्क से जोड़ना और डेटा का आदान-प्रदान कराना है।

NIC के बिना कोई भी कंप्यूटर इंटरनेट, LAN, WAN, डेटा शेयरिंग, ई-मेल, क्लाउड सर्विस जैसी सुविधाओं का उपयोग नहीं कर सकता।

सरल शब्दों में कहा जाए तो,
NIC कंप्यूटर और नेटवर्क के बीच संचार का माध्यम है।

इस लेख में हम NIC के सभी कार्यों को बेसिक से एडवांस लेवल तक विस्तार से समझेंगे।

Network Interface Card क्या है? (संक्षेप में)

Network Interface Card एक हार्डवेयर डिवाइस है जो कंप्यूटर को नेटवर्क से जोड़ता है और नेटवर्क पर डेटा भेजने व प्राप्त करने में सहायता करता है। इसे Network Card, LAN Card या Network Adapter भी कहा जाता है।

NIC के कार्यों को समझने से पहले आवश्यक बातें

NIC के कार्यों को समझने के लिए यह जानना जरूरी है कि:

  • डेटा नेटवर्क पर पैकेट के रूप में ट्रांसफर होता है
  • हर नेटवर्क डिवाइस की एक अलग पहचान होती है
  • डेटा को भेजने और प्राप्त करने के लिए नियम (Protocols) होते हैं

NIC इन सभी प्रक्रियाओं को संभालता है।

Network Interface Card के मुख्य कार्य (Main Functions of NIC)

NIC के कार्यों को निम्न भागों में बाँटा जा सकता है:

  1. कंप्यूटर को नेटवर्क से जोड़ना
  2. डेटा ट्रांसमिशन का प्रबंधन
  3. डेटा रिसीव करने का कार्य
  4. MAC Address प्रदान करना
  5. डेटा को फ्रेम में बदलना
  6. Error Detection और Control
  7. Flow Control
  8. Network Access Control
  9. OSI Model में भूमिका
  10. नेटवर्क स्पीड और डुप्लेक्स मोड का नियंत्रण

अब हम प्रत्येक कार्य को विस्तार से समझते हैं।

1. कंप्यूटर को नेटवर्क से जोड़ना

NIC का सबसे पहला और मुख्य कार्य कंप्यूटर को नेटवर्क से कनेक्ट करना है।

  • NIC के बिना कंप्यूटर नेटवर्क का हिस्सा नहीं बन सकता
  • यह LAN, MAN और WAN से कनेक्शन स्थापित करता है
  • Wired NIC के माध्यम से केबल कनेक्शन
  • Wireless NIC के माध्यम से Wi-Fi कनेक्शन

इस कार्य के बिना कोई भी नेटवर्क संचार संभव नहीं है।

2. डेटा ट्रांसमिशन (Data Transmission)

NIC का एक प्रमुख कार्य डेटा को नेटवर्क पर भेजना है।

डेटा ट्रांसमिशन की प्रक्रिया:

  1. कंप्यूटर से डेटा प्राप्त करना
  2. डेटा को छोटे-छोटे पैकेट्स में तोड़ना
  3. पैकेट्स को नेटवर्क माध्यम पर भेजना

NIC यह सुनिश्चित करता है कि डेटा सही क्रम और सही फॉर्मेट में भेजा जाए।

3. डेटा रिसीव करना (Data Receiving)

जैसे NIC डेटा भेजता है, वैसे ही यह नेटवर्क से आने वाले डेटा को प्राप्त भी करता है।

डेटा रिसीव करने की प्रक्रिया:

  • नेटवर्क से आने वाले सिग्नल को पकड़ना
  • सिग्नल को डिजिटल डेटा में बदलना
  • सही डिवाइस तक डेटा पहुँचाना

NIC यह जांच करता है कि प्राप्त डेटा उसी डिवाइस के लिए है या नहीं।

4. MAC Address प्रदान करना

NIC का एक अत्यंत महत्वपूर्ण कार्य MAC Address प्रदान करना है।

MAC Address की भूमिका:

  • हर NIC का एक यूनिक MAC Address होता है
  • यह नेटवर्क में डिवाइस की पहचान करता है
  • डेटा को सही डिवाइस तक पहुँचाने में मदद करता है

MAC Address के बिना नेटवर्क पर डिवाइस की पहचान संभव नहीं है।

5. डेटा को फ्रेम में बदलना (Framing)

NIC का कार्य केवल डेटा भेजना ही नहीं है, बल्कि उसे नेटवर्क फ्रेम में बदलना भी है।

NIC द्वारा फ्रेम में जोड़ी जाने वाली जानकारी:

  • Source MAC Address
  • Destination MAC Address
  • Control Information
  • Error Checking Data

यह प्रक्रिया Data Link Layer से संबंधित होती है।

6. Error Detection और Error Control

नेटवर्क में डेटा ट्रांसफर के दौरान त्रुटियाँ हो सकती हैं। NIC का कार्य है:

  • डेटा में त्रुटि का पता लगाना
  • खराब डेटा को अस्वीकार करना
  • आवश्यकता पड़ने पर पुनः डेटा भेजने की प्रक्रिया शुरू करना

इसके लिए NIC CRC जैसी तकनीकों का उपयोग करता है।

7. Flow Control

Flow Control का अर्थ है:

डेटा भेजने और प्राप्त करने की गति को संतुलित करना

NIC यह सुनिश्चित करता है कि:

  • रिसीवर की क्षमता से अधिक डेटा न भेजा जाए
  • नेटवर्क ट्रैफिक संतुलित रहे
  • डेटा लॉस न हो

यह कार्य विशेष रूप से हाई-स्पीड नेटवर्क में बहुत महत्वपूर्ण है।

8. Network Access Control

NIC यह निर्धारित करता है कि:

  • नेटवर्क पर कब और कैसे डेटा भेजा जाए
  • टकराव (Collision) से कैसे बचा जाए

Ethernet NIC में CSMA/CD तकनीक का उपयोग किया जाता है।

9. OSI Model में NIC की भूमिका

NIC मुख्य रूप से OSI Model की निम्न लेयर्स पर कार्य करता है:

  • Physical Layer
  • Data Link Layer

Physical Layer पर:

  • सिग्नल ट्रांसमिशन
  • केबल या वायरलेस माध्यम का उपयोग

Data Link Layer पर:

  • फ्रेम बनाना
  • MAC Address का उपयोग
  • Error Detection

10. नेटवर्क स्पीड को नियंत्रित करना

NIC नेटवर्क की स्पीड को संभालता है, जैसे:

  • 10 Mbps
  • 100 Mbps
  • 1 Gbps
  • 10 Gbps

NIC यह सुनिश्चित करता है कि डेटा ट्रांसफर निर्धारित स्पीड के अनुसार हो।

11. Duplex Mode का प्रबंधन

NIC दो प्रकार के Duplex Mode को संभालता है:

  • Half Duplex
  • Full Duplex

Half Duplex में एक समय में या तो डेटा भेजा जाता है या प्राप्त किया जाता है।
Full Duplex में दोनों कार्य एक साथ होते हैं।

12. Wired और Wireless कम्युनिकेशन को सपोर्ट करना

NIC का कार्य नेटवर्क के प्रकार के अनुसार बदलता है:

  • Wired NIC के लिए केबल सिग्नल हैंडल करना
  • Wireless NIC के लिए रेडियो सिग्नल हैंडल करना

दोनों ही स्थितियों में NIC डेटा को सही रूप में ट्रांसफर करता है।

13. Driver और Operating System के बीच समन्वय

NIC का कार्य केवल हार्डवेयर स्तर तक सीमित नहीं है।

NIC Driver के माध्यम से:

  • Operating System NIC को पहचानता है
  • नेटवर्क कमांड NIC तक पहुँचते हैं
  • डेटा OS और नेटवर्क के बीच ट्रांसफर होता है

14. सुरक्षा से संबंधित कार्य

NIC नेटवर्क सुरक्षा में भी योगदान देता है:

  • MAC Filtering सपोर्ट
  • VLAN टैगिंग
  • नेटवर्क एक्सेस कंट्रोल

यह कार्य नेटवर्क को अनधिकृत उपयोग से बचाता है।

15. Server और Data Center में NIC के कार्य

Server NIC अतिरिक्त कार्य करता है:

  • Load Balancing
  • Redundancy
  • High Availability
  • Multicast और Broadcast कंट्रोल

16. Virtual Environment में NIC के कार्य

Virtual NIC का उपयोग:

  • Virtual Machine Networking
  • Cloud Computing
  • Software Defined Networking

यह फिजिकल हार्डवेयर के बिना नेटवर्क संचार संभव बनाता है।

NIC के कार्यों का संक्षिप्त सार

NIC के मुख्य कार्य:

  • नेटवर्क कनेक्शन स्थापित करना
  • डेटा भेजना और प्राप्त करना
  • डिवाइस की पहचान सुनिश्चित करना
  • डेटा को सुरक्षित और सही तरीके से ट्रांसफर करना
  • नेटवर्क नियमों का पालन कराना

NIC कैसे काम करता है? (Working of NIC)

NIC का कार्य तीन मुख्य चरणों में होता है:

1. Data Encoding

  • कंप्यूटर का डेटा डिजिटल सिग्नल में बदला जाता है

2. Data Transmission

  • डेटा नेटवर्क के माध्यम से भेजा जाता है

3. Data Receiving

  • आने वाले डेटा को समझने योग्य रूप में बदला जाता है

MAC Address क्या है?

हर NIC में एक Unique MAC Address होता है।

MAC Address की विशेषताएँ:

  • 48-bit का यूनिक एड्रेस
  • Manufacturer द्वारा दिया जाता है
  • दुनिया में कोई दो NIC एक जैसे MAC Address नहीं रखते

उदाहरण:
00-1A-2B-3C-4D-5E

Network Interface Card के प्रकार (Types of NIC)

NIC को मुख्यतः दो वर्गों में बांटा जाता है:

1. Wired Network Interface Card

यह तार (Cable) के माध्यम से नेटवर्क से जुड़ता है।

प्रमुख विशेषताएँ:

  • Ethernet Cable (RJ-45) का उपयोग
  • अधिक स्पीड और स्थिर कनेक्शन
  • कम Interference

उदाहरण:

  • Ethernet NIC
  • Fiber Optic NIC

2. Wireless Network Interface Card

यह बिना तार के नेटवर्क से जुड़ता है।

प्रमुख विशेषताएँ:

  • Wi-Fi तकनीक का उपयोग
  • मोबाइल और लैपटॉप में आम
  • Portability अधिक

उदाहरण:

  • Wi-Fi Card
  • USB Wireless Adapter

Network Interface Card के प्रकार (Types of NIC)

Network Interface Card (NIC) एक ऐसा हार्डवेयर डिवाइस है जो किसी कंप्यूटर या डिजिटल डिवाइस को नेटवर्क से जोड़ने का कार्य करता है। NIC के बिना कंप्यूटर नेटवर्क या इंटरनेट से कनेक्ट नहीं हो सकता।

तकनीक के विकास के साथ-साथ NIC के कई प्रकार विकसित हो चुके हैं, जो कनेक्शन माध्यम, स्पीड, उपयोग और तकनीक के आधार पर अलग-अलग होते हैं।

NIC को वर्गीकृत करने के आधार

Network Interface Card को निम्न आधारों पर वर्गीकृत किया जाता है:

  1. कनेक्शन के माध्यम के आधार पर
  2. इंस्टॉलेशन के आधार पर
  3. नेटवर्क तकनीक के आधार पर
  4. स्पीड के आधार पर
  5. उपयोग के आधार पर

नीचे सभी प्रकारों को विस्तार से समझाया गया है।

1. कनेक्शन के माध्यम के आधार पर NIC के प्रकार

इस आधार पर NIC दो मुख्य प्रकार के होते हैं:

  • Wired Network Interface Card
  • Wireless Network Interface Card

1.1 Wired Network Interface Card

Wired NIC वह Network Interface Card होता है जो केबल (Cable) के माध्यम से नेटवर्क से जुड़ता है। यह सबसे पुराना और सबसे विश्वसनीय NIC प्रकार माना जाता है।

Wired NIC की मुख्य विशेषताएँ

  • फिजिकल केबल का उपयोग
  • स्थिर और तेज कनेक्शन
  • कम नेटवर्क इंटरफेरेंस
  • डेटा ट्रांसफर में उच्च सुरक्षा

Wired NIC में उपयोग होने वाली केबल

  • Ethernet Cable
  • Fiber Optic Cable

Wired NIC के प्रमुख प्रकार

  • Ethernet NIC
  • Fiber Optic NIC

1.1.1 Ethernet Network Interface Card

Ethernet NIC सबसे अधिक उपयोग किया जाने वाला Network Interface Card है। यह RJ-45 पोर्ट के माध्यम से Ethernet केबल से कनेक्ट होता है।

Ethernet NIC की विशेषताएँ

  • LAN नेटवर्क में व्यापक उपयोग
  • 10 Mbps से 10 Gbps तक स्पीड
  • कम लागत
  • आसान इंस्टॉलेशन

Ethernet NIC के उपयोग क्षेत्र

  • घर और ऑफिस नेटवर्क
  • स्कूल और कॉलेज
  • कंप्यूटर लैब
  • छोटे और मध्यम नेटवर्क

1.1.2 Fiber Optic Network Interface Card

Fiber NIC फाइबर ऑप्टिक केबल का उपयोग करता है और अत्यधिक हाई-स्पीड नेटवर्क के लिए डिज़ाइन किया गया है।

Fiber NIC की विशेषताएँ

  • बहुत तेज डेटा ट्रांसफर
  • लंबी दूरी तक नेटवर्क सपोर्ट
  • इलेक्ट्रोमैग्नेटिक इंटरफेरेंस से मुक्त
  • महँगा लेकिन अत्यधिक प्रभावी

Fiber NIC का उपयोग

  • डेटा सेंटर
  • बैंकिंग नेटवर्क
  • बड़े कॉर्पोरेट नेटवर्क
  • ISP इंफ्रास्ट्रक्चर

2. Wireless Network Interface Card

Wireless NIC वह Network Interface Card होता है जो बिना किसी तार के नेटवर्क से कनेक्ट होता है। यह Wi-Fi तकनीक पर आधारित होता है।

Wireless NIC की मुख्य विशेषताएँ

  • वायरलेस कनेक्शन
  • पोर्टेबल और सुविधाजनक
  • मोबाइल और लैपटॉप के लिए उपयुक्त
  • सीमित रेंज और इंटरफेरेंस की संभावना

2.1 Wi-Fi Network Interface Card

Wi-Fi NIC आज के समय में सबसे अधिक उपयोग होने वाला Wireless NIC है।

Wi-Fi NIC की विशेषताएँ

  • IEEE 802.11 स्टैंडर्ड पर आधारित
  • 2.4 GHz और 5 GHz बैंड सपोर्ट
  • लैपटॉप और मोबाइल में इनबिल्ट
  • USB और PCIe वेरिएंट उपलब्ध

Wi-Fi NIC के प्रकार

  • Internal Wi-Fi Card
  • External Wi-Fi Adapter

2.2 USB Wireless Network Adapter

USB Wireless NIC एक External NIC होता है जो USB पोर्ट के माध्यम से जुड़ता है।

USB NIC की विशेषताएँ

  • Plug and Play
  • आसान इंस्टॉलेशन
  • पोर्टेबल
  • लैपटॉप उपयोगकर्ताओं के लिए उपयोगी

3. इंस्टॉलेशन के आधार पर NIC के प्रकार

इस आधार पर NIC को दो भागों में बाँटा जाता है:

  • Internal Network Interface Card
  • External Network Interface Card

3.1 Internal Network Interface Card

Internal NIC कंप्यूटर के मदरबोर्ड में लगाया जाता है या पहले से इनबिल्ट होता है।

Internal NIC की विशेषताएँ

  • PCI या PCIe स्लॉट में इंस्टॉल
  • अधिक स्थिर कनेक्शन
  • बेहतर परफॉर्मेंस
  • सर्वर और डेस्कटॉप में उपयोग

3.2 External Network Interface Card

External NIC कंप्यूटर के बाहर से कनेक्ट किया जाता है।

External NIC की विशेषताएँ

  • USB या Thunderbolt के माध्यम से कनेक्शन
  • पोर्टेबल
  • अस्थायी नेटवर्क समाधान
  • लैपटॉप में लोकप्रिय

4. नेटवर्क तकनीक के आधार पर NIC के प्रकार

इस आधार पर NIC निम्न प्रकार के होते हैं:

  • Ethernet NIC
  • Token Ring NIC
  • FDDI NIC
  • ATM NIC

4.1 Token Ring Network Interface Card

Token Ring NIC IBM द्वारा विकसित नेटवर्क तकनीक पर आधारित था।

विशेषताएँ

  • टोकन पासिंग तकनीक
  • अब लगभग अप्रचलित
  • पुराने नेटवर्क में उपयोग

4.2 FDDI Network Interface Card

FDDI NIC फाइबर ऑप्टिक नेटवर्क के लिए उपयोग किया जाता था।

विशेषताएँ

  • 100 Mbps स्पीड
  • डुअल रिंग आर्किटेक्चर
  • आज बहुत कम उपयोग

5. स्पीड के आधार पर NIC के प्रकार

NIC की स्पीड के आधार पर वर्गीकरण:

  • 10 Mbps NIC
  • 100 Mbps NIC
  • 1 Gbps NIC
  • 10 Gbps NIC
  • 40 Gbps NIC

आजकल Gigabit और 10 Gigabit NIC का उपयोग अधिक होता है।

6. उपयोग के आधार पर NIC के प्रकार

इस आधार पर NIC को निम्न प्रकारों में बाँटा जा सकता है:

  • Desktop NIC
  • Server NIC
  • Virtual NIC

6.1 Server Network Interface Card

Server NIC हाई-परफॉर्मेंस और हाई-लोड नेटवर्क के लिए डिज़ाइन किया जाता है।

विशेषताएँ

  • मल्टी-पोर्ट सपोर्ट
  • हाई स्पीड
  • लोड बैलेंसिंग
  • नेटवर्क रेडंडेंसी

6.2 Virtual Network Interface Card

Virtual NIC एक सॉफ्टवेयर आधारित NIC होता है।

विशेषताएँ

  • वर्चुअल मशीन में उपयोग
  • क्लाउड कंप्यूटिंग में आवश्यक
  • फिजिकल हार्डवेयर पर निर्भर नहीं

NIC के प्रकारों का संक्षिप्त तुलनात्मक विवरण

  • Wired NIC: तेज और सुरक्षित
  • Wireless NIC: सुविधाजनक और पोर्टेबल
  • Internal NIC: स्थायी और स्थिर
  • External NIC: अस्थायी और मोबाइल
  • Fiber NIC: हाई-एंड नेटवर्क
  • Virtual NIC: क्लाउड और वर्चुअलाइजेशन

Internal NIC और External NIC

Internal NIC

  • मदरबोर्ड में लगा होता है
  • PCI / PCIe स्लॉट में फिट होता है
  • अधिक विश्वसनीय

External NIC

  • USB पोर्ट से जुड़ता है
  • Portable होता है
  • लैपटॉप उपयोगकर्ताओं के लिए उपयोगी

NIC के आधार पर अन्य प्रकार

  1. Ethernet NIC
  2. Fast Ethernet NIC
  3. Gigabit Ethernet NIC
  4. 10 Gigabit NIC
  5. Fiber NIC
  6. Virtual NIC

Network Interface Card की Speed

NIC की स्पीड निम्न प्रकार की हो सकती है:

  • 10 Mbps
  • 100 Mbps
  • 1 Gbps
  • 10 Gbps
  • 40 Gbps

आजकल अधिकांश कंप्यूटरों में Gigabit NIC होती है।

Duplex Mode क्या है?

NIC में दो प्रकार के Duplex Mode होते हैं:

Half Duplex

  • एक समय में केवल भेजना या प्राप्त करना

Full Duplex

  • एक साथ भेजना और प्राप्त करना

Network Interface Card के मुख्य Components

NIC में निम्न Components होते हैं:

  1. Controller Chip
  2. ROM Chip
  3. Network Port
  4. MAC Address
  5. LED Indicators

NIC और OSI Model का संबंध

NIC मुख्य रूप से काम करता है:

  • Physical Layer
  • Data Link Layer

Network Interface Card के फायदे (Advantages)

NIC के प्रमुख लाभ:

  • तेज नेटवर्क कनेक्शन
  • डेटा का सुरक्षित ट्रांसफर
  • आसान इंस्टॉलेशन
  • Wired और Wireless विकल्प
  • High Compatibility

Network Interface Card के नुकसान (Disadvantages)

कुछ सीमाएँ भी हैं:

  • Hardware Failure की संभावना
  • Wireless NIC में Interference
  • High-Speed NIC महंगे होते हैं
  • Driver Compatibility Issues

NIC बनाम Modem

NICModem
नेटवर्क से जोड़ता हैISP से जोड़ता है
LAN/WAN में उपयोगइंटरनेट कनेक्शन
MAC Address होता हैIP आधारित

NIC Driver क्या है?

NIC Driver एक सॉफ्टवेयर होता है जो:

  • OS और NIC के बीच संचार करता है
  • Hardware को पहचानने में मदद करता है
  • बिना Driver NIC काम नहीं करता

NIC की Troubleshooting

सामान्य समस्याएँ और समाधान:

  1. Driver Update करें
  2. Cable Check करें
  3. Network Reset करें
  4. BIOS में NIC Enable करें

आधुनिक Network Interface Card

आज की आधुनिक NIC में:

  • AI-Based Traffic Control
  • Low Latency
  • Power Saving Features
  • Cloud और Data Center Support

NIC का उपयोग कहाँ होता है?

  • कंप्यूटर और लैपटॉप
  • सर्वर
  • राउटर और स्विच
  • डेटा सेंटर
  • IoT Devices

Network Interface Card और Cyber Security

NIC में सुरक्षा के लिए:

  • MAC Filtering
  • VLAN Support
  • Encryption Support

भविष्य में NIC का विकास

भविष्य में NIC:

  • और तेज होंगे
  • AI आधारित होंगे
  • कम ऊर्जा खपत करेंगे
  • Cloud Networking के अनुकूल होंगे

निष्कर्ष (Conclusion)

Network Interface Card (NIC) कंप्यूटर नेटवर्किंग का एक अनिवार्य घटक है। इसके बिना आधुनिक डिजिटल संचार की कल्पना संभव नहीं। चाहे इंटरनेट हो, LAN हो या Cloud Networking – NIC हर जगह महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।

यह लेख छात्रों, तकनीकी ब्लॉगर्स, IT प्रोफेशनल्स और प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करने वालों के लिए अत्यंत उपयोगी है।

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